आज़मगढ़।
आधुनिक दौर में भी लोगों के नवाबी का शौक, कबूतर बाजी प्रतियोगिता आयोजित।
रिपोर्ट नीतीश जायसवाल
आज़मगढ़: आधुनिक दौर में भी लोगों के नवाबी शौक खत्म नहीं हुए हैं। आज भी लोग कबूतर बाजी का शौक फरमा रहे हैं। अपने व्यस्ततम समय में से भी इस शौक के शौकीन समय निकाल लेते हैं।
आज़मगढ़ जिले के जीयनपुर में आयोजित मौलाना समसुद्दीन मेमोरियल कबूतर बाजी प्रतियोगिता में सगड़ी निवासी मनोज कनौजिया ने प्रतियोगिता में अव्वल स्थान प्राप्त किया । और पुरस्कार के रूप में कूलर जीता। जीयनपुर नगर पंचायत में कबूतर प्रतियोगिता में कबूतर उड़ाए गए। कबूतर उड़ान टूर्नामेंट मौलाना शमसुद्दीन द्वारा आयोजित की गई।
कबूतरबाजी टूर्नामेंट में आजमगढ़, मोहम्दाबाद, मुबारकपुर, सगड़ी , ख़ालिशपुर, जीयनपुर, के कबूतर बाजों ने हिस्सा लिया। जीयनपुर नगर पंचायत के बाजार खास में आजोजित मौलाना समसुद्दीन कबूतर बाजी प्रतियोगिता में कबूतर बाजों ने अपने पालतू कबूतरों को उड़ाया। सबसे देर तक उड़ने वाले कबूतर को पहला स्थान मिला। इस टूर्नामेंट कबूतर बाजी में प्रथम पुरस्कार मनोज कनौजिया ने हासिल किया और पहले पुरस्कार के रूप में कूलर मिला। दूसरा आज़मगढ़ के साहिल ने दूसरा स्थान मिला और साईकल का इनाम मिला। इस टूर्नामेंट में क्लब के अध्यक्ष सलीम खान, सादिक़ सुलतान, और मुख्य अतिथि के रूप में पुरुषोत्तम यादव, अंकित जयसवाल, मुन्ना यादव, दिनेश पाठक, दीपक गुप्ता, शाह आलम , क्लब के तमाम सदस्य शाम तक मौजूद रहे।
इस दौरान समाजसेवी पुरूषोत्तम यादव ने कहा कि- आज के आधुनिक परिवेश में कबूतर उड़ाने की परंपरा विलुप्त सी होती जा रही है ऐसे में जीयनपुर कस्बे में इस तरह की प्रतियोगिता का आयोजन सराहनीय है।
कार्यक्रम का संचालन ज्ञानेंद्र मिश्रा ने किया। वही जफर इमाम अपोलो ने कबूतर उड़ाने की प्रतियोगिता के विषय मे विस्तृत जानकारी दी और बताया कि यह आयोजन वर्षों से चला आ रहा है जो आगे भी जारी रहेगा। आइये सुनते हैं. और क्या कुछ कहा जफर इमाम ने।

