29 अप्रैल- श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏
राम नाम मनिदीप धरु
जीह देहरीं द्वार ।
तुलसी भीतर बाहेरहुँ
जौं चाहसि उजियार ।।
( बालकांड, दोहा . 21)
जय सियाराम 🙏🙏
श्री राम नाम की महिमा बताते हुए पूज्यपाद गोस्वामी श्री तुलसीदास जी महाराज कहते हैं कि यदि आप अपने भीतर व बाहर दोनों ओर उजाला चाहते हैं तथा सभी संसार गत विकारों से छुटकारा पाना चाहते हैं तो अपनी मुख रूपी द्वार की जीभ रूपी देहरी पर श्री राम नाम रूपी मणि – दीपक को रखें ।
श्री सीताराम के भक्तों ! बाहर के अंधकार मिटाने के तो अनेक साधन उपलब्ध हैं पर भीतर का अंधेरा (अज्ञान) तो श्री राम नाम धारण करने से ही जा पाता है । अतः अपने जीवन को हर प्रकार से तम रहित बनाना चाहते हैं तो श्री राम नाम रूपी मणि दीप धारण कर लें और निष्काम भाव से श्री सीताराम नाम का भजन करते रहें……. श्री राम जय राम जय जय राम, श्री राम जय राम जय जय राम । सीताराम जय सीताराम, जय सियाराम जय जय सियाराम। सीताराम जय सीताराम, जय सियाराम जय जय सियाराम जानकीवल्लभ राजाराम।
राम राम राम राम राम राम राम राम राम राम राम राम राम राम 🚩🚩🚩
संकलन तरूण जी लखनऊ

