रामचरितमानस की भाव सहित चौपाई

3 फरवरी : रामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय। 🙏

गयउ गरुड़ जहँ बसइ भुसुंडा ।
मति अकुंठ हरि भगति अखंडा।
देखि सैल प्रसन्न मन भयऊ ।
माया मोह सोच सब गयऊ।।
( उत्तरकांड 62/1)
राम राम जी🙏🙏
गरूड़ जी को मोह हो गया है , शिव जी उन्हें श्री राम कथा सुनने काकभुसुंडि के पास भेजते हैं जो नीलगिरी पर्वत पर रहते हैं और श्री राम कथा कहते हैं। गरूड़ जी उनके पास गए और नीलगिरी पर्वत देख कर उनका मन प्रसन्न हो गया तथा काकभुसुंडि जी के दर्शन से उनकी माया, मोह व चिंता दूर हो गई ।
बंधुओं ! हम आप सब माया, मोह , चिंता आदि से ग्रसित हैं। एक छोटा सा काम कीजिए, केवल उनके संग उठना बैठना शुरु कर दीजिए जो श्री राम कथा प्रेमी हैं, जो श्री राम जी के नाम, रूप, गुण और लीला की चर्चा करते हैं,आपका भी शोक व मोह दूर हो जाएगा और मन प्रसन्न रहने लगेगा। अस्तु…..श्री राम जय राम जय जय राम, सीताराम जय सीताराम, जय सियाराम जय जय सियाराम, जय रघुनंदन जय सियाराम जानकीवल्लभ राजाराम । सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम 🚩🚩🚩
संकलन तरुण जी लखनऊ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *