मूल निवासी संघ का कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन, राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा

मूल निवासी संघ का कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन, राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा
जौनपुर, 17 फरवरी।यूपी के जौनपुर के कलेक्ट्रेट परिसर में मंगलवार को मूल निवासी संघ के अध्यक्ष छोटे लाल के नेतृत्व में सैकड़ों के संख्या में उपस्थित मूल निवासी संगठन के लोगो ने विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के उपरांत संघ के पदाधिकारियों ने राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट जिला सौंपा और अपनी मांगों पर गंभीरता से विचार किए जाने की अपील की।
संघ की प्रमुख मांगों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) को पदोन्नति में समुचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करना तथा अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (एससी/एसटी) पर क्रीमी लेयर लागू करने के किसी भी प्रयास को रोकना शामिल है। जिलाध्यक्ष छोटे लाल ने कहा कि ओबीसी वर्ग पर लागू क्रीमी लेयर व्यवस्था को समाप्त किया जाना चाहिए। उन्होंने इसे भेदभावपूर्ण बताते हुए कहा कि यह सामाजिक न्याय की मूल भावना के विपरीत है। उन्होंने भारत सरकार अधिनियम 1935 और संविधान के अनुच्छेद 16 का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रतिनिधित्व का आधार सामाजिक पिछड़ापन होना चाहिए, न कि केवल आर्थिक स्थिति।
ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि ओबीसी वर्ग के सरकारी कर्मचारियों को पदोन्नति में उचित अवसर और प्रतिनिधित्व दिया जाए। संघ ने संविधान के नीति-निदेशक तत्वों को प्रभावी रूप से लागू करने तथा इसके लिए एक समग्र कानून बनाने की आवश्यकता जताई, ताकि सभी वंचित वर्गों को प्रशासनिक और संस्थागत ढांचे में भागीदारी मिल सके।
संगठन ने संसद से एक व्यापक अधिनियम बनाने की मांग की है, जिसके माध्यम से केंद्र और राज्य सरकारों की सार्वजनिक सेवाओं, मंत्रिपरिषद, न्यायपालिका, चयन समितियों, साक्षात्कार बोर्ड, निदेशक मंडलों तथा विश्वविद्यालयों की शासी निकायों में एससी, एसटी और ओबीसी वर्गों को आनुपातिक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जा सके।
इसके अतिरिक्त, संघ ने जाति या लैंगिक भेदभाव को बढ़ावा देने वाले साहित्य और प्रचार सामग्री पर प्रतिबंध लगाने तथा संविधान का अपमान करने वालों के विरुद्ध कड़े प्रावधान लागू करने की मांग की। संघ पदाधिकारियों ने कहा कि उनकी सभी मांगें राष्ट्रहित और संविधानसम्मत व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से उठाई गई हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *