घरेलु उद्योग में काम करने वाली माँ की बेटी ने सीबीएसई परीक्षा में 95.2 % अंक प्राप्त किये
ब्यूरो चीफ आर एल पाण्डेय
लखनऊ। कशिश (Ph: 8354072245) का जीवन कभी भी आसान नहीं था। जब वह सिर्फ पांच साल की थीं, तब उनके पिता का निधन हो गया। इसके बाद उनकी माँ शशि ने अकेले तीन बेटियों को पढ़ने का जिम्मा उठाया। इस साल कशिश ने सीबीएसई की 12वीं परीक्षा में 95.2% अंक प्राप्त किए हैं आगे चल कर वो एक ई ए एस अफसर बनना चाहती हैं। कशिश की माँ, शशि यादव, एक घरेलु उद्योग में काम करती हैं। शशि कहती हैं, “लोगों ने मुझसे कहा था कि बेटा क्यों नहीं है और तीन बेटियाँ कैसे पालोगी। लेकिन मुझे बेटे की कोई जरूरत नहीं, मेरी बेटियाँ ही मेरी ताकत हैं। मेरी बेटियों ने ही मुझे उम्मीद दी और मुझे अपनी बेटियों पर बोहोत गर्व है।
कशिश ने अपनी पढ़ाई स्टडी हॉल एजुकेशनल फाउंडेशन (SHEF) के प्रेरणा गर्ल्स स्कूल से शुरू की थी। उनकी मेहनत को देखकर SHEF ने उन्हें स्कॉलरशिप दी, जिससे वह आगे की पढ़ाई स्टडी हॉल स्कूल में कर सकीं। इसके अलावा, कशिश को अमेरिका में एक साल पढ़ाई करने का मौका भी मिला था, जो उन्हें केनेडी-लुगर YES स्कॉलरशिप के तहत मिला था।
कशिश की यह सफलता इस बात का उदाहरण है कि अगर बच्चों को सही दिशा और मदद मिले, तो वे किसी भी मुश्किल से ऊपर उठ सकते हैं और अपनी मेहनत से बड़ी सफलता हासिल कर सकते हैं।

