श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई

5 नवम्बर- श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏

भरत दीख प्रभु आश्रमु पावन ।
सकल सुमंगल सदनु सुहावन ।।
करत प्रबेस मिटे सब दुख दावा ।
जनु जोगीं परमारथु पावा ।।
( अयोध्याकाण्ड 238/1-2)

राम राम जी 🙏🙏
श्री भरत जी श्री राम जी से मिलने चित्रकूट पहुँच गये हैं । केवट ने एक ऊँचे स्थान से भगवान के निवास का वर्णन किया है । श्री भरत जी आगे चलते हैं और श्री राम जी के पवित्र कुटिया (आश्रम) को देखते है। आश्रम में प्रवेश करते ही श्री भरत जी का दुःख व दाह (जलन) मिट जाता है जैसे किसी योगी को परमतत्व की प्राप्ति हो गई हो ।
आत्मीय जन ! प्रभु जी पावन हैं , उनका सब कुछ पावन है , उनके संपर्क होते ही दुख व दाह मिट जाते हैं और परमतत्व प्राप्ति की अनुभूति हो जाती है । अतः श्री राम संग करें, केवल और केवल श्री राम जी का ही संग करें, इसके लिये श्री सीताराम भजन सतत करते रहें। अथ…..श्री राम जय राम जय राम जय, सीताराम जय सीताराम, जय सियाराम जय जय सियाराम, जय रघुनंदन जय सियाराम जानकीवल्लभ राजाराम । सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम 🚩🚩🚩
संकलन तरुण जी लखनऊ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *