पांच हजार से अधिक भक्तों ने एसआरजीआई में एक साथ गाई ब्रीदलेस हनुमान चालीसा
भक्ति में सराबोर हुआ एसआरजीआई
जय श्रीराम के जयकारों और कान्हा की मुरली की धुन में डूबा एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन
लखनऊ:
बीकेटी स्थित एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन उस ऐतिहासिक और आध्यात्मिक क्षण का साक्षी बना, जब नववर्ष 2026 का स्वागत 5,000 से अधिक श्रद्धालुओं ने सामूहिक भजन-कीर्तन और दिव्य स्वरों के साथ किया। पूरा परिसर “जय श्रीराम” के गगनभेदी जयकारों, श्रीकृष्ण की मुरली की मधुर धुनों और सनातन चेतना से ओतप्रोत हो उठा।
एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन में आयोजित “भजन जैमिंग : एकत्व” केवल एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि संगीत, भक्ति और एकता की ऐसी आध्यात्मिक गाथा थी, जिसने उपस्थित हर व्यक्ति को आत्मिक स्तर पर जोड़ दिया। यह आयोजन एसआरजीआई (SRGI) द्वारा जलोटा अकादमी ऑफ स्पिरिचुअल म्यूज़िक एंड परफॉर्मिंग आर्ट्स एवं डिजी मॉन्क के सहयोग से आयोजित किया गया।
इस भव्य आध्यात्मिक उत्सव में 5,000 से अधिक श्रद्धालु, विद्यार्थी, परिवारजन एवं साधक एक साथ एक मंच पर एकत्र हुए और सामूहिक भजन-कीर्तन, नाम-स्मरण एवं दिव्य संगीत के माध्यम से एकता (Ekta) और एकत्व (Ekatva) की अनुभूति की। कार्यक्रम ने यह सिद्ध किया कि लखनऊ की आत्मा आज भी सनातन मूल्यों और अध्यात्म से गहराई से जुड़ी हुई है।
श्रद्धा और संगीत से सजी इस आध्यात्मिक संध्या में संपूर्ण वातावरण सकारात्मक ऊर्जा, दिव्य चेतना और सनातन संस्कृति की गरिमा से भर उठा। वृंदावन, कैलाश, अयोध्या और द्वारका की अनुभूति कराते भजनों—
“राम-राम जय राजा राम”, “मंगल भवन मंगल हारी”, “श्री कृष्ण गोविंद हरे मुरारी”, “सत्यम् शिवम् सुंदरम्”, “देवा श्री गणेश देवा” सहित अनेक भक्तिगीतों ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया।
कार्यक्रम का समापन ब्रीदलेस हनुमान चालीसा के साथ हुआ, जिसने भक्तिमय वातावरण को शिखर तक पहुँचा दिया।
इस पावन अवसर पर सदस्य विधान परिषद एवं एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन के चेयरमैन पवन सिंह चौहान, वाइस चेयरमैन पीयूष सिंह चौहान, वाइस चेयरपर्सन सुष्मिता सिंह सहित अनेक गणमान्य अतिथियों ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई और उपस्थित जनसमूह का अभिनंदन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन के वाइस चेयरमैन पीयूष सिंह चौहान ने सभी सनातनियों को नववर्ष 2026 की शुभकामनाएं दीं और “एकत्व” के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं को भारत की मूल सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। जब विदेशी संस्कृति का प्रभाव बढ़ रहा है, ऐसे समय में एसआर ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन का दायित्व है कि वह युवाओं को सनातन मूल्यों और सही मार्ग की ओर प्रेरित करे।
“भजन जैमिंग : एकत्व” एक आयोजन नहीं, बल्कि एक आध्यात्मिक चेतना और सामाजिक एकता का पावन आंदोलन बनकर उभरा, जिसने नववर्ष 2026 का मंगल, सकारात्मक और दिव्य शुभारंभ किया।

