पुलिस स्मृति दिवस – 2023 परेड सम्पन्न
वीरों की वीरगाथायें सदैव जनमानस को प्रेरणा देती हैं: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
ब्यूरो चीफ आर एल पाण्डेय
लखनऊ। आज दिनांक 21-10-2023 को प्रातः पुलिस लाइन लखनऊ में पुलिस स्मृति दिवस परेड का आयोजन किया गया। विजय कुमार पुलिस महानिदेशक, उ०प्र० के आगमन पर परेड स्थल पर उन्हें सलामी दी गयी। परेड कमाण्डर संतोष कुमार मिश्रा, पुलिस अधीक्षक अपराध उ०प्र० लखनऊ, द्वितीय कमाण्डर अभिजित आर शंकर, अपर पुलिस उपायुक्त उत्तरी कमिश्नरेट लखनऊ व परेड एड्जूटेन्ट अनिल कुमार यादव सहायक सेनानायक 49 वीं वाहिनी पीएसी गौतमबुद्धनगर रहे। परेड में पीएसी, नागरिक पुलिस, यातायात पुलिस, महिला पुलिस, जीआरपी एटीएस आरआरएफ, अग्निशमन दल, एसडीआरएफ एवं एसएसएफ सहित कुल 12 टुकड़ियाँ सम्मिलित हुई। इसके उपरांत मुख्यमंत्री उ०प्र० योगी आदित्यनाथ का आगमन हुआ। विजय कुमार, पुलिस महानिदेशक उ0प्र0 एवं डा० के० एस० प्रताप कुमार, अपर पुलिस महानिदेशक, पीएसी के साथ मुख्यमंत्री सलामी मंच पर पहुँचे। । परेड द्वारा उन्हें सलामी दी गयी, तत्पश्चात मोनिका यादव, सहायक सेनानायक 38 वीं वाहिनी पीएसी अलीगढ़ द्वारा शहीद पुस्तिका को ससम्मान सलामी मंच तक लाया गया। जहाँ पर पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के माध्यम से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहीद पुस्तिका को सलामी मंच पर प्रतिस्थापित किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर देश के समस्त शहीद । पुलिसजनो को श्रद्धासुमन अर्पित किया गया तथा कहा कि आज पूरा देश शहीद पुलिसजनों के प्रति अपनी विनम्र श्रद्धाजलि अर्पित करते हुये उनका नमन कर रहा है, । जिन्होने समाज एवं राष्ट्र सेवा के लिये अपने प्राणों का बलिदान देकर अप्रतिम कर्तव्य परायणता का परिचय दिया है ऐसे ही वीर जवानों के प्रति श्रीमद्भगवतगीता के सन्देश
का उल्लेख करते हुये कहा कि ऐसे वीर शहीदों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुये उनके अजर अमर होने का उपदेश भी श्रीमद्भगवतगीता जैसा पवित्र ग्रन्थ देता है कि आत्मा तो अजर और अमर है, इस आत्मा को शस्त्र न तो काट सकते हैं और न अग्नि इसे जला सकती है। न जल इसे गीला कर सकता है और न वायु इसे सुखा सकती है। । यानि वह अजर है अमर है, इन्ही अमर बलदानियों के प्रति यह शब्द श्रीमद्भगवतगीता जैसा पवित्र ग्रन्थ भी हम सब की प्रेरणा का आधार बनता है। वर्ष 2022-23 में कर्तव्य । की बेदी पर प्राण न्यौछावर करने वाले शहीदों में प्रदेश पुलिस बल के तीन बहादुर पुलिस कर्मी शामिल हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमारे जांबाज पुलिस कार्मिकों का यह सर्वोच्च । बलिदान हमें निरंतर कर्तव्य पथ पर पूर्ण निष्ठा एवं दायित्व बोध के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देता रहेगा। शहीद पुलिसजनों के परिवार के सदस्यों को आश्वस्त करता हूं कि हमारी सरकार उनके कल्याण के लिए पूरी संवेदनशीलता के साथ सभी जरूरी कदमउठाने के लिए सदैव तत्पर रहेगी।
पुलिस महानिदेशक, उoप्रo द्वारा शहीद पुलिसजनों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा गया कि:-
आज हम अपने उन वीर साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिये यहां एकत्र हुए हैं जिन्होने कर्तव्य की वेदी पर गत एक वर्ष में अपने प्राण न्यौछावर किये हैं। धन्य हैं वे बहादुर पुलिसजन जिन्होने दृढ़ता से कर्तव्य पालन करते हुये जीवन का बलिदान किया । मृत्यु तो केवल मनुष्य के भौतिक अस्तित्व को ही समाप्त कर पाती है, किन्तु वीरों की वीरगाथायें सदैव जनमानस को प्रेरणा देती हैं। वीर शहीद, काल एवं समय से परे होते हैं। ऐसा ही इतिहास चौसठ (64) वर्ष पूर्व का है। 21 अक्टूबर, 1959 को लद्दाख क्षेत्र में केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल की एक टुकड़ी देश की सीमाओं की सुरक्षा में लगी थी। अचानक शत्रु सेना ने उसे घेर लिया परन्तु हमारे 10 जवानों ने, अपने अदम्य साहस व शौर्य का परिचय देते हुए मातृभूमि की रक्षा में जवाबी कार्यवाही करते हुये, कर्तव्य पथ पर अपने प्राण न्यौछावर कर दिये। इन्ही वीर सपूतों की याद में ! सभी प्रदेशों की पुलिस तथा सभी केन्द्रीय पुलिस संगठनों में प्रतिवर्ष 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर हम शहीद पुलिसजनों को याद करते हैं, नमन करते हैं एवं श्रद्धा सुमन अर्पित करते हैं।
विगत वर्ष सम्पूर्ण भारत में 188 पुलिसजनों ने कर्तव्य की वेदी पर प्राणों की आहूति दी। उनकी प्रदेशवार जानकारी दी गयी। इनमें उत्तर प्रदेश के 03 पुलिसजन सम्मलित है। उत्तर प्रदेश के 03 पुलिसजनों 1- आरक्षी ना०पु० संदीप निषाद कमिश्नरेट प्रयागराज 2- आरक्षी ना०पु० राघवेन्द्र सिंह कमिश्नरेट प्रयागराज 3- आरक्षी ना०पु० भेदजीत सिंह जनपद जालौन के विषय में जानकारी दी गयी।
पुलिस महानिदेशक उoप्रo द्वारा दिवंगत पुलिसजनों को समस्त पुलिस परिवार की ओर से श्रद्धांजलि अर्पित करते हुये उनके परिवारों के प्रति हार्दिक संवेदना प्रकट की गयी व ईश्वर से प्रार्थना की गयी कि परिवारीजनों को इस अपूर्णीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
इसके बाद शहीद पुस्तिका वापस प्राप्त कर वाहक द्वारा शहीद स्मारक स्थल तक ले जायी गयी।
शहीद स्मारक स्थल पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, मंत्रीगण, मुख्य सचिव उ०प्र०, पुलिस महानिदेशक उ0प्र0 प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री, गृह एवं सूचना तथा पुलिस / प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस कर्मियों तथा सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारियों द्वारा शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र व पुष्प अर्पित कर शहीदों को नमन किया गया। पुलिस बलों द्वारा शहीदों को सलामी दी गयी तथा शोक प्रदर्शित किया गया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री उ0प्र0 द्वारा शहीद पुलिसजनों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुये अपने संबोधन के उपरांत शहीद पुलिसजनों के परिजनों से भेंट कर उनकी कुशलक्षेम पूछते हुये उन्हें सम्मानित किया गया।

