यूजीसी के समर्थन व शंकराचार्य द्वारा योगी सरकार पर अपशब्द कहने पर इस्तीफा दिए जीएसटी डिप्टी कमिश्नर
अयोध्या।मंगलवार को यूजीसी के नए कानून तथा अविमुक्तेश्वरानंद के पक्ष विपक्ष में इस्तीफा देने का सिलसिला शुरू हो गया अभी एक दिन पहले बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट ने योगी सरकार द्वारा शंकराचार्य के साथ हुए दुर्व्यवहार तथा यूजीसी के नए कानून के विरोध में इस्तीफा दे दिया वही अयोध्या जनपद में अमित शाह तथा योगी के पक्ष में अपना समर्थन देते हुए अयोध्या मे जीएसटी डिप्टी कमिश्नर प्रशांत कुमार सिंह ने इस्तीफा दे दिया। उन्होंने अपनी पत्नी से फोन पर भाव को कर कहा कि जहां एक और मोदी तथा योगी सरकार अच्छी-अच्छी योजनाएं चला रहे है। लेकिन शंकराचार्य की सीएम पर की गई टिप्पणी से उन्हें बहुत बुरा लगा। इससे मैं आहत हूं। मुख्यमंत्री का अपमान मैं अब बर्दाश्त नहीं कर सकता।कहा कहा कि जिस प्रदेश का नमक और रोटी खाता हूं, प्रदेश के वेतन से मेरा परिवार चलता है।अगर उस प्रदेश के मुखिया पर असंसदीय शब्दों का प्रयोग किया जाएगा, तो मुझे दर्द होगा। मेरे अंदर भी दिल और संवेदना है। क्योंकि मैं यूपी कर्मचारी नियमावली के तहत बंधा हुआ हूं। दो दिनों से इस पीड़ा को बर्दाश्त नहीं कर पा रहा था,इसलिए राज्यपाल को इस्तीफा भेज दिया है।बताते चले कि 48 साल के प्रशांत कुमार मूलतः मऊ जिले के शर्मा गांव के रहने वाले हैं।उन्हें सहारनपुर में पहली ज्वॉइनिंग मिली थी। जबकि अयोध्या में पोस्टिंग 21 अक्टूबर, 2023 को हुई थी। उनके इस्तीफे की सूचना मिलते ही प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया और मौके पर एटीएम सिटी योगानंद पांडे एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी सीओ सिटी श्रेयश त्रिपाठी प्रभारी निरीक्षक कोतवाली नगर अश्वनी पांडे सहित कई चौकी के प्रभारी मौके पर पहुंच गए। कुछ देर के लिए पुलिस प्रशासन ने पत्रकारों को भी अंदर जाने से मना कर दिया। फिलहाल शंकराचार्य तथा यूजीसी के नए कानून को लेकर पक्ष विपक्ष में दो दिन के अंदर ही दो स्थिति पर आना चर्चा का विषय बना हुआ है।

