रेल महकमा जल्द ही रेल महकमा गोसाईगंज स्टेशन पर शुरू करेगा ट्रेन इंक्वायरी एवं प्लेटफॉर्म कोच डिस्प्ले
(राजेश श्रीवास्तव ब्यूरो चीफ)
अयोध्या।अगर सब कुछ ठीक-ठाक रहा तो आने वाले समय मे गोशाईगंज रेलवे स्टेशन से यात्रा करने वाले रेल यात्रियों को एक और सुबिधा मिलनी शुरू हो जाएगी! ट्रेनों पर चढ़ने उतरने के लिए अब उन्हें न तो उन्हें भागमभाग करना पड़ेगा और न ही अपना कोच ढ़ूढ़ने मे परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।स्टेशन पर यात्रियों को इंक्वायरी डिस्प्ले के साथ साथ कोच डिस्प्ले की सुविधा भी मिलनी शुरू हो जाएगी, जिससे उनका सफर अव और आसान होगा!ऐसा गोशाईगंज नगर पंचायत की सभासद एवं जय बाबा अमरनाथ बर्फानी सेवा समिति (रजि0) की अध्यक्ष आरती जायसवाल के अथक प्रयास से संभव होने वाला है!सभासद श्रीमती जयसवाल की मांग पर उरे0 लखनऊ में तैनात वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक रजनीश श्रीवास्तव ने बीते 09 जनवरी 2026 को अपने कार्यालय के के द्वारा सी0 डीसीएम एवं मंडल संकेत दूरसंचार सहित मंडल अभियंता-V को आवश्यक कार्रवाई हेतु पत्र भेज दिया है!मालूम हो कि गोसाईगंज स्टेशन पर पीएफ कोच डिस्प्ले/ट्रेन इंक्वायरी डिस्प्ले के साथ साथ बदहाल पड़े शौचालयों व स्टैंड वॉटर पोस्टों को बहाल करने की मांग गोसाईगंज नगर पंचायत की सभासद एवं जय बाबा अमरनाथ बर्फानी सेवा समिति (रजि0) की अध्यक्ष आरती जयसवाल ने बीते दिनों डीआरएम सुनील कुमार वर्मा सहित अन्य को पत्र देकर की थी!सभासद श्रीमती जायसवाल ने अधिकारियो को बताया था कि पूर्व सांसद एवं मौजूदा एमएलसी हरिओम पांडे के होम स्टेशन में शुमार विस0 मुख्यालय स्थित लखनऊ-बाराबंकी-जौनपुर रेलखंड स्थित गोसाईगंज स्टेशन से प्रतिदिन हजारों यात्री सियालदह,गंगा सतलज किसान दून, फरक्का,सद्भावना,कैफियत,बाराणसी -बरेली,छपरा एक्स०,आसनसोल- बहराइच एक्स०,साबरमती,मरुधर, लखनऊ- वाराणसी इंटरसिटी एक्स०, अयोध्या से शाहगंज के बीच चलने वाली मेमू सहित कई अन्य ट्रेनों से आवगमन करते है!स्टेशन पर प्लेटफॉर्म कोच डिस्प्ले/ट्रेन इंक्वायरी डिस्प्ले न लगी होने से यात्रियों को ट्रेनों के आवागमन की पूछताछ के लिए जहां एसएम रूम तक जाना पड़ता है वही स्लीपर,जनरल तथा एसी कोचों को ढूंढने के लिए ट्रेन आने के बाद काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।स्टेशन पर अत्यधिक भीड़ होने के कारण कई बार स्थितियां इतनी जटिल हो जाती हैं कि कई यात्री निर्धारित कोच में नहीं पहुंच पाते है और उनकी ट्रेन छूट जाती है।रेलवे स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में लाखों लीटर की पानी टैंक बनी है,लेकिन कांस्ट्रक्शन विभाग द्वारा हैंडओवर न किए जाने से स्टेशन परिसर एवं रेलवे कालोनियों में जलापूर्ति ठप है।प्लेटफार्मो पर लगे वॉटर स्टैंड पोस्ट से टोटियों नदारद हैं।यात्रियों को गला तर करने के लिए सील बंद बोतल खरीद कर प्यास बुझाना पड़ता है।

