3- दिसम्बर – 2024
श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏
बंदउँ बाल रूप सोइ रामू ।
सब सिधि सुलभ जपत जिसु नामू ।।
मंगल भवन अमंगल हारी ।
द्रवउ सो दसरथ अजिर बिहारी ।।( बालकांड 111/2)
राम राम 🙏🙏
पार्वती जी ने शिव जी से राम कथा पूछी है । शिव जी राम कथा की शुरुआत करते हुए कहते हैं कि जिसे जान लेने पर जगत का उसी तरह लोप हो जाता है जैसे जागने पर स्वप्न का भ्रम दूर हो जाता है । मैं उन्हीं राम जी के बालरूप की वंदना करता हूँ, जिसका नाम जपने से सारी सिद्धियाँ सुलभ हो जाती हैं । मंगल के धाम , अमंगल दूर करने वाले और दशरथ जी के आँगन में खेलने वाले ऐसे राम जी ( बालरूप) मुझ पर कृपा करें ।
राम नाम की ऐसी महिमा है कि राम नाम जपने से सब सिद्धियाँ प्राप्त हो जाती है । हम आप भी तो यही चाहते हैं, इसी प्रयास में लगे हुए हैं । अत: जपें ! राम राम जय राम राम 🚩
: 4 – दिसम्बर -2024
श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏
कोमल चित अति दीनदयाला ।
कारन बिनु रघुनाथ कृपाला ।।
गीध अधम खग आमिष भोगी ।
गति दीन्ही जो जाचत जोगी ।।
( अरण्यकांड 32/1)
राम राम 🙏🙏
अखण्ड भक्ति का वर माँगकर जटायु हरि धाम चले जाते हैं, राम जी ने अपने हाथों से उनका दाहकर्म आदि किया है । राम जी अत्यंत कोमल चित्त वाले, दीनदयालु, व अकारण कृपा करने वाले हैं । गीध ( जटायु) अधम मांसाहारी पक्षी था , उसे वह दुर्लभ गति दी जिसे योगीजन मांगते रहते हैं ।
राम जी कोमल चित्त वाले हैं , दीनदयालु हैं, एकबार आप राम काज में लग के तो देखें , राम जी अपनी असीम कृपा कर देते हैं , जीवन में जो अभी तक आपके लिए दुर्लभ है , वह सुलभ हो जाता है । अतः राम काज में लगें । अस्तु ! राम राम जय राम राम 🚩🚩🚩
संकलन तरूण जी लखनऊ

