28 जनवरी- श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏
कहेउँ नाथ हरि चरित अनूपा ।
ब्यास समास स्वमति अनुरूपा
श्रुति सिद्धांत इहइ उरगारी ।
राम भजिअ सब काज बिसारी
( उत्तरकांड 122/1)
राम राम 🙏🙏
काकभुसुंडि जी ने सब राम कथा गरुड़ जी को सुना दी है । वे कहते हैं कि मैंने भगवान का अनुपम चरित्र अपनी मति अनुसार कहीं विस्तार से तो कहीं संक्षेप में कहा है । गरूड़ जी! श्रुतियों का यह सिद्धांत है कि सब काम छोड़कर राम जी का भजन करना चाहिए ।
हम आप तो अपनी चलाते हैं , किसी की नहीं मानते हैं , इसीलिए राम जी को भजते नहीं हैं । परंतु यदि आप अपना कल्याण चाहते हैं तो काकभुसुंडि जी की सुनें और भजें, राम भजें, राम राम भजें । अथ ! श्री राम जय राम जय जय राम 🚩🚩🚩
संकलन तरूण जी लखनऊ

