स्वामी विवेकानंद युवाओं के आदर्श हैं …. ..मनोज वर्मा
आज के युवाओं को स्वामी विवेकानंद के जीवन से और उनके द्वारा कही गई बातों से सीख लेने की आवश्यकता है। ये बात सिविल डिफेंस लखनऊ के अधिकारी मनोज वर्मा ने विवेकानंद जयंती के अवसर पर कही।
उन्नाव जनपद के मियागंज में स्थित विवेकानंद बालिका इंटर कॉलेज में विवेकानंद जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। मुख्य अतिथि राष्ट्रपति पदक से अलंकृत सिविल डिफेंस लखनऊ के सीनियर असिस्टेंट डिप्टी कंट्रोलर मनोज वर्मा व विशिष्ट अतिथि एडवोकेट राजेश कुमार सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित करके कार्यक्रम की शुरूआत की। विद्यालय की प्रबंधिका श्रीमती सविता सिंह ने दोनों अतिथियों को अंग वस्त्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
मुख्य अतिथि मनोज वर्मा ने कहा कि शिकागो अधिवेशन के दरमियान स्वामी विवेकानंद जी ने ‘मेरे अमेरिका के भाइयों और बहनों’ के संबोधन मात्र से ही पूरे विश्व में भारत को एक नई पहचान दी। यही नहीं उन्होंने उठो भागो, दौड़ो और तब तक न रुको जब तक लक्ष्य हासिल न हो जाए का आह्वाहन करके युवाओं को नईं ऊर्जा प्रदान की। इसलिए प्रत्येक युवाओं को स्वामी जी के जीवन से सीख लेने की आवश्यकता है। मनोज वर्मा ने विद्यार्थियों को सीपीआर की महत्ता के बारे में भी बताया और उसका अभ्यास भी कराया।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती गरिमा सिंह ने कहा कि स्वामी विवेकानंद जी के आदर्श से प्रेरित होकर ही विद्यालय का नाम उनके नाम पर रखा गया। एडवोकेट राजेश कुमार सिंह, रीना रे, पूनम चौधरी, शैल वर्मा सहित विद्यालय के कई शिक्षकों ने भी विवेकानंद जी के जीवन पर प्रकाश डाला। विद्यालय के छात्र छात्राओं ने भी कविताएं और देशभक्ति के गीत प्रस्तुत किए। अंत में क्रिकेट सहित कई खेल का भी आयोजन हुआ, जिसमें सभी ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर सुचित्रा सिंह, अनामिका, अनुभा, बबली, शालिनी, अवधेश, शशि प्रभा, संगीता, आदि शिक्षक व शिक्षिकाएं उपस्थित रहे।

