कमर्शियल गैस सिलेंडर की आपूर्ति न होने से होटल व रेस्टोरेंट संचालक ले रहे मिट्टी के चूल्हे का सहारा
अयोध्या।इस समय कमर्शियल गैस सिलेंडर न मिलने के चलते शहर के कई बड़े होटल रेस्टोरेंट, ढाबों के संचालक काफी परेशान दिखाई दे रहे हैं।बताते चले कि सिविल लाइंस के होटल शाने अवध, होटल तिरुपति और अवंतिका रेस्टोरेंट व अन्य ने विकल्प तलाशना शुरू किया।गैस की कमी के कारण भोजन बनाने के लिए पारंपरिक और वैकल्पिक साधनों का सहारा लिया जा रहा है।कई होटलों में लकड़ी के चूल्हे और मिट्टी के पारंपरिक चूल्हे फिर से इस्तेमाल में लाए जा रहे हैं।कुछ स्थानों पर कोयले की भट्टी बनाकर भोजन तैयार किया जा रहा है।बड़े होटलों में बिजली से चलने वाले इंडक्शन चूल्हों का भी उपयोग शुरू हो गया है। देखा जाए तो रामनगरी होने के चलते श्रद्धालुओं का आवागमन अधिक है।इनके बढ़ती संख्या के कारण होटल-रेस्टोरेंट पर भोजन व्यवस्था का दबाव बढ़ा।होटल स्टाफ की बड़ी संख्या के लिए भी भोजन बनाना चुनौती बन गया है।वैकल्पिक साधनों से किसी तरह नाश्ता और खाना तैयार किया जा रहा है।होटल संचालकों ने सरकार से जल्द कमर्शियल गैस आपूर्ति बहाल करने की मांग की है।

