अयोध्या(संवाददाता) सुरेंद्र कुमार।जनवरी महीने में मौसम का मिजाज बदला हुआ नजर आ रहा है, कड़ाके की ठंड धीरे-धीरे बढ़ती नजर आ रही है तो वही कोरोना की काली छाया लगातार तीसरे वर्ष अपने पांव पसार रही है। एक तरफ कोरोना का कहर जारी है तो वही चुनाव की गतिविधियां तेज हो रही है। चुनाव की तिथियां आ गई है सभी पार्टी के नेता अपनी अपनी पार्टी की जीत के दावेदारी करने में लगे हैं। कड़ाके की ठंड ने विधान सभा चुनाव का माहौल गर्म कर दिया है। हर दुकान, चौराहों पर पर लोगों की जुबान पर कोरोना की मार व चुनावी प्रचार पर चर्चा हो रही है। इन हालातों में किस तरह कोरोना के कहर से बच के लोग चुनावी माहौल में भागीदारी कर सकेंगे। फिलहाल सभी को उम्मीदवारों के नाम की घोषणा का इंतजार है। चुनाव आयोग के लिए कोरोना कहर में चुनाव को संपन्न कराना यह किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं होगा।

