
धूमनगंज दोहरे हत्याकांड में अब तक कि जांच पड़ताल में भले ही दो हत्याओं केपीछे जमीन के विवाद की बात सामने आई हो। लेकिन चर्चा इस बात की भी है कि हत्याकांड के तार कहीं अतीक अहमद गैंग से तो नहीं जुड़े। दरअसल मौके से जो स्टांप बरामद किया गया और कहा जा रहा है कि इसे दोनों मृतकों के साथ आया इमरान खुद लेकर पहुंचा था, वह कुछ और ही कहानी कह रहा है।
सूत्रों का कहना है कि स्टांप देखने से पता चलता है कि यह करीब पांच महीने पहले 20 नवंबर 2021 को जारी हुआ था। 500 रुपये के इस स्टांप पर द्वितीय पार्टी के कॉलम में दीपक विश्वकर्मा का नाम अंकित है। सबसे खास और चौंकाने वाली बात यह है कि स्टांप पर प्रथम पार्टी के कॉलम में अली अहमद का नाम लिखा हुआ है।

