गोरखपुर/स्थाई लोक अदालत के चेयरमैन गिरजेश कुमार पांडेय एवं सदस्य अनीता अग्रवाल ने बिजली निगम की लापरवाही से खेत में टूटकर गिरे तार से की चपेट में आने से हुई मौत पर 5 लाख रुपये 7 प्रतिशत ब्याज के साथ पीड़ित परिवार को देने का आदेश दिया है। पिपराइच थाना क्षेत्र ग्राम लहुरादेउर निवासी 54 वर्षीय कोदई चौधरी की 13 अक्टूबर 2015 को शाम करंट लगने से मौत हो गई थी।
उपभोक्ता शांति देवी ने लोक अदालत में दाखिल किए गए परिवाद में कहा था कि उनके पति कोदई चौधरी की करंट की चपेट में आने से मौत हो गई थी। इस घटना के बाद उनका परिवार अनाथ हो गया। शांति देवी और उनके दो बेटों ने बिजली निगम से क्षतिपूर्ति दिलाने की मांग की। विपक्षी सहायक निदेशक गोरखपुर जोन विद्युत सुरक्षा निदेशालय ने जांच के बाद न्यायालय में दाखिल जवाबदेही में यह स्वीकार किया कि बिजली निगम की ओर से लापरवाही बरती गई जिससे कोदई चौधरी की मृत्यु हुई। इसके बाद लोक अदालत ने बिजली निगम को आदेश दिया कि पीड़ित परिवार को पांच लाख रुपये हर्जाना दें।

