26 दिसम्बर- श्रीरामचरितमानस,
नमो राघवाय 🙏
प्रकट चारि पद धर्म के
कलि महुँ एक प्रधान ।
जेन केन बिधि दीन्हें
दान करइ कल्याण ।।
( उत्तरकांड , दो. 103)
राम राम🙏🙏
काकभुसुंडि जी गरुड़ महराज को अपने पूर्व जन्म की कथा सुनाते हुए कहते हैं कि उस समय कलियुग चल रहा था । कलियुग में राम जी गुणों को गाकर मानव बिना परिश्रम के संसार से पार पा जाता है । कलियुग में धर्म के चार चरणों में से दान प्रसिद्ध है । इस युग में किसी भी प्रकार से दान देने पर कल्याण होता है ।
हम सब पाने पर अपना कल्याण समझते हैं इसलिए आजीवन लेने के चक्कर में पड़े रहते हैं और कल्याण से वंचित रहते हैं । देना तो वही जानता है जिसने अपना मन राम जी को दे दिया है । अतएव इस कलियुग में अपना कल्याण चाहते हैं तो अपने मन का दान राम जी को तथा धन का दान जगत को कीजिए । अस्तु राम राम जय राम राम 🚩🚩🚩
संकलनकर्ता तरूण जी लखनऊ

