एसडीसी और एच में अंतरिक्ष यात्री शुक्स से हुआ खास संवाद, धूमधाम से मनाया गया 27वाँ संस्थापक दिवस
सिटी रिपोर्टर प्रत्यूष पाण्डेय
लखनऊ। सरस्वती डेंटल कॉलेज एंड हॉस्पिटल, लखनऊ ने इम्प्रेशन्स 2025 के अवसर पर 14 नवंबर को अपना 27वाँ संस्थापक दिवस भव्यता और जोरदार उत्साह के साथ मनाया। कार्यक्रम में सरस्वती ग्रुप ऑफ़ इंस्टीट्यूशन्स की चेयरपर्सन श्रीमती मधु माथुर, एसडीसी और एच के प्रेसीडेंट डॉ. रजत माथुर, एसएचआरसी एवं बीएसएम कॉलेज ऑफ नर्सिंग की डायरेक्टर डॉ. स्मिता माथुर, मुख्य अतिथि डॉ. अम्मार रिज़वी, पूर्व कार्यवाहक मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश, विशेष अतिथि ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला (भारतीय वायु सेना)—जो एक भारतीय अंतरिक्ष यात्री भी हैं—और प्रसिद्ध एडवेंचरर, बेस जम्पर, स्काईडाइवर, स्कूबा डाइवर एवं टेड मोटिवेशनल स्पीकर सुश्री अर्चना सरदाना उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन से हुई। प्रिंसिपल डॉ. कुणाल साह ने स्वागत संबोधन देते हुए एसडीसी और एच की प्रमुख उपलब्धियों का उल्लेख किया और संस्थापक चेयरमैन कर्नल टी. एस. माथुर के योगदान पर आधारित एक लघु वीडियो भी प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. आयुषी पांडे, जूनियर रेज़िडेंट, ने गरिमापूर्ण ढंग से किया।
ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला (शुक्स) का परिचय होते ही सभा में उत्साह की लहर दौड़ गई। शुक्स वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े, साथ ही कोऑर्डिनेटर कमांडर सुमित घोष (एनएएसी सलाहकार) भी ऑनलाइन उपस्थित रहे।
शुक्स ने अपने जीवन, भारतीय वायुसेना में चयन, एक्सिओम -4 स्पेस मिशन, तथा इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पर बिताए अनुभवों को साझा करते हुए एक प्रभावशाली और प्रेरक भाषण दिया। उन्होंने छात्रों के प्रश्नों का उत्तर दिया और जीवन में ही नहीं, बल्कि अंतरिक्ष में भी दंत चिकित्सा के महत्व पर बल देते हुए कहा कि—
“भविष्य में अंतरिक्ष में डेंटल प्रोसीजर कैसे होंगे, इस दिशा में शोध की आवश्यकता है।”
जब छात्रों ने पूछा कि पृथ्वी अंतरिक्ष से कैसी दिखती है, तो उन्होंने कहा—
“ब्रह्मांड की विशालता में पृथ्वी मानवता का सुंदर, मधुर घर है—हमें इसे सुरक्षित रखना चाहिए, शांति और भाईचारे को बढ़ावा देना चाहिए।” उनके शब्दों ने पूरी सभा में प्रेरणा का संचार किया।
कार्यक्रम में गीत, नृत्य और फैशन शो जैसी आकर्षक प्रस्तुतियों ने माहौल को जीवंत कर दिया। इसके बाद भारत की एकमात्र महिला बेस जम्पर, पर्वतारोही, स्कूबा डाइवर, स्काईडाइवर और टेड स्पीकर सुश्री अर्चना सरदाना ने अपने रोमांचक जीवन अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि साहस, नेतृत्व क्षमता, जोखिम उठाने का साहस और नई दिशाओं की खोज—यही असली रोमांच की भावना है।
उन्होंने छात्रों को आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए स्कूबा डाइविंग का अनुभव लेने का सुझाव दिया।
एसडीसी और एच के प्रेसीडेंट और मुख्य अतिथि ने अपने संबोधनों में छात्रों को नए सपनों और चुनौतियों का सामना करने का साहस रखने के लिए प्रेरित किया। श्री रिज़वी ने इस ऊर्जावान, सुव्यवस्थित और सुचारू रूप से आयोजित कार्यक्रम के लिए संस्थान को बधाई दी।
सम्मान समारोह में सर्वप्रथम वर्ष 2025 के लिए प्रतिष्ठित ‘सरस्वती रतन पुरस्कार’ प्रदान किया गया, जिसे बैच 2021 के साहिल अग्रवाल ने जीता।
अन्य पुरस्कार इस प्रकार रहे—
• सर्वश्रेष्ठ यूजी गर्ल: मानसी बिष्ट (इंटर्न)
• सर्वश्रेष्ठ यूजी बॉय: मधुर (फाइनल ईयर)
• सर्वश्रेष्ठ पीजी बॉय: डॉ. गौरव चौधरी (ऑरल एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जरी विभाग)
• सर्वश्रेष्ठ पीजी गर्ल: डॉ. मीनू चिक्कारा (कंज़र्वेटिव एवं एंडोडॉन्टिक्स विभाग)
चावला हाउस ने जीती ओवरऑल हाउस ट्रॉफी
कार्यक्रम का समापन ओवरऑल हाउस ट्रॉफी की घोषणा के साथ हुआ, जिसे इस वर्ष चावला हाउस ने अपने उत्कृष्ट वर्षभर के प्रदर्शन के आधार पर जीता।
कार्यक्रम में दिखा उत्साह और ऊर्जा वाकई मन मोह लेने वाला था।
यह भव्य आयोजन स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में उत्कृष्टता, नवाचार और सेवा-समर्पण के प्रति सरस्वती डेंटल कॉलेज एंड हॉस्पिटल की प्रतिबद्धता का सशक्त प्रतीक रहा।

