पुलिस की वर्दी मे ठगी करने वाले आरोपियों को अभी तक नहीं गिरफ्तार कर सकी पुलिस
(राजेश श्रीवास्तव ब्यूरो चीफ)
अयोध्य।जिले में पुलिस की वर्दी पहनकर ठगी करने वाले बदमाश काफी रूप से सक्रिय हो गए है।इस प्रकार की घटनाये थाना कुमारगंज व थाना रौनाही क्षेत्र में हो चुकी है परंतु संबंधित थाने की पुलिस इसका खुलासा अभी तक नहीं कर सकी है। अभी तक पुलिस हवा में ही सिर्फ तीर चला रही है और इससे संबंधित आरोपी पुलिस की पकड़ से काफी दूर हैं।जिसके चलते एक तरफ जहां पुलिस की वर्दी में ठगी करने वाले बदमाशों को लेकर भय वहीं दूसरी तरफ इस मामले में पुलिस के प्रति आक्रोश भी स्थानीय लोगों में दिखाई दे रहा है।बताते चले कि थाना कुमारगंज क्षेत्र में सरसों बेचने के नाम पर व्यापारियों को निशाना बनाया जा रहा है।हाल ही में कुमारगंज थाना क्षेत्र में एक व्यापारी से 50 हजार रुपये ठग लिए गए, जबकि इससे पहले रौनाही थाना गेट पर भी इसी तरह की वारदात हो चुकी है।दोनों मामलों में पुलिस अभी तक आरोपित को गिरफ्तार नहीं कर सकी है।कुमारगंज के बवां रोड निवासी व्यापारी अनिरुद्ध की दुकान पर करीब 15 दिन पहले शाम के समय पुलिस की वर्दी पहने एक व्यक्ति बाइक से पहुंचा। उसने खुद को थाने का दीवान बताते हुए कहा कि थाना प्रभारी के कहने पर वह सरसों का भाव लेने आया है। उसने बताया कि थाने में नौ क्विंटल सरसों रखी है जिसे बेचना है। बातचीत के बाद 70 रुपये प्रति किलो से मोलभाव करते हुए 63 रुपये प्रति किलो पर सौदा तय हुआ।सौदा तय होने के बाद आरोपित ने व्यापारी से 50 हजार रुपये अग्रिम ले लिए और सरसों लादने के लिए साथ चलने को कहा।व्यापारी भरोसा करके उसके साथ ई-रिक्शा से थाने पहुंच गया।थाना गेट पर पहुंचने के बाद ठग ने कमरे की चाबी गिर जाने का बहाना बनाकर उसे खोजने की बात कही और वहां से फरार हो गया।काफी देर इंतजार करने के बाद व्यापारी ने थाना प्रभारी संतोष कुमार से जानकारी ली, तब ठगी का पता चला।पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।इसी तरह 7 फरवरी को रौनाही थाना गेट पर भी फर्जी पुलिसकर्मी ने सरसों बेचने के नाम पर व्यापारी राधेश्याम वर्मा से 40 हजार रुपये ठग लिए थे।सीओ मिल्कीपुर अजय कुमार सिंह ने बताया कि दोनों मामलों की जांच चल रही है और जल्द ही आरोपित को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा किया जाएगा।।

