अंसल प्रॉपर्टीज़ पर ईडी की छापेमारी, 600 करोड़ रुपये के फंड डायवर्जन की जांच
जिला संवाददाता डॉ अजय तिवारी
लखनऊ, 30 अप्रैल 2025:
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अंसल प्रॉपर्टीज़ एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (APIL) के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के तहत लखनऊ, दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा में छापेमारी की है।
600 करोड़ रुपये का फंड डायवर्जन
यूपी रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (UPRERA) की रिपोर्ट के अनुसार, अंसल API ने विभिन्न परियोजनाओं से 600 करोड़ रुपये से अधिक की राशि अन्यत्र स्थानांतरित की है।
प्रणव अंसल और सुशील अंसल पर आरोप:
अंसल API के प्रमोटर्स, प्रणव अंसल और सुशील अंसल, पर सरकारी भूमि की अवैध बिक्री और धोखाधड़ी के आरोप हैं।
70 से अधिक एफआईआर दर्ज:
लखनऊ में अंसल ग्रुप के खिलाफ 70 से अधिक एफआईआर दर्ज की गई हैं, जिनमें निवेशकों से धोखाधड़ी और सरकारी भूमि की अवैध बिक्री के आरोप शामिल हैं।
NCLT में दिवालियापन प्रक्रिया:
अंसल API को दिवालिया घोषित किया गया है, और नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) ने कॉर्पोरेट इनसॉल्वेंसी रिजोल्यूशन प्रोसेस (CIRP) शुरू की है।
प्रभावित निवेशकों का विरोध:
सुषांत गोल्फ सिटी परियोजना के प्रभावित निवेशकों ने लखनऊ में अंसल API के कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया, जिसमें उन्होंने न्याय की मांग की।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अंसल ग्रुप के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे सभी जिलों में अंसल ग्रुप के खिलाफ एफआईआर दर्ज करें और प्रभावित निवेशकों के हितों की रक्षा करें।

