माघ मेला मे जमीन से लेकर आसमान तक चप्पे चप्पे पर सुरक्षा कर्मियों तैनात
(डाक्टर अजय तिवारी जिला संवाददाता)
अयोध्या।माघ मेला–2026 को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं शांतिपूर्ण रूप से संपन्न कराने के उद्देश्य से पुलिस आयुक्त, कमिश्नरेट प्रयागराज के निर्देशन में तथा पुलिस अधीक्षक, माघ मेला के प्रत्यक्ष नेतृत्व एवं समन्वय में मेला क्षेत्र में पुलिस, केंद्रीय बल, जल सुरक्षा, अग्निशमन, आपदा प्रबंधन एवं तकनीकी इकाइयों की व्यापक एवं बहु-स्तरीय संख्यात्मक तैनाती की गई है।मेला की संवेदनशीलता एवं व्यापकता को दृष्टिगत रखते हुए माघ मेला के लिए अलग पुलिस अधीक्षक की नियुक्ति की गई है,जो मेला क्षेत्र में कानून-व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण, यातायात, जल सुरक्षा, आपदा प्रबंधन एवं विभिन्न सुरक्षा इकाइयों के दैनिक संचालन, निगरानी एवं समन्वय के लिए उत्तरदायी हैं।
पुलिस अधीक्षक, माघ मेला द्वारा की जा रही समस्त व्यवस्थाओं का पर्यवेक्षण अपर पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था), कमिश्नरेट प्रयागराज* द्वारा किया जा रहा है, जिससे सभी स्तरों पर प्रभावी नियंत्रण एवं त्वरित निर्णय सुनिश्चित हो सके।मेला क्षेत्र में वरिष्ठ पर्यवेक्षण हेतु 07 अपर पुलिस अधीक्षक एवं 14 पुलिस उपाधीक्षक पुलिस अधीक्षक, माघ मेला के अधीन कार्यरत हैं। सिविल पुलिस के अंतर्गत 29 निरीक्षक, 221 पुरुष उपनिरीक्षक, 15 महिला उपनिरीक्षक, 1593 पुरुष मुख्य आरक्षी/आरक्षी तथा 136 महिला मुख्य आरक्षी/आरक्षी की तैनाती की गई है।यातायात संचालन एवं नियंत्रण हेतु 04 यातायात निरीक्षक, 38 यातायात उपनिरीक्षक तथा 381 यातायात मुख्य आरक्षी/आरक्षी तैनात किए गए हैं, जिनकी तैनाती एवं संचालन एस.पी. माघ मेला के निर्देशन में किया जा रहा है।सहायक बल के रूप में 1088 होमगार्ड एवं 304 पी.आर.डी. कर्मियों की तैनाती की गई है।कानून-व्यवस्था एवं आपदा प्रबंधन के लिए पीएसी की 05 बाढ़ राहत कंपनियाँ, 07 कानून-व्यवस्था कंपनियाँ तथा पीक डेज के लिए अतिरिक्त 05 कानून-व्यवस्था कंपनियाँ* तैनात की गई हैं।इसके अतिरिक्त 02 एनडीआरएफ टीमें, 01 एसडीआरएफ टीम, 02 आर.ए.एफ. कंपनियाँ सम्पूर्ण मेला अवधि हेतु तथा 04 आर.ए.एफ. कंपनियाँ केवल पीक डेज के लिए* तैनात की गई हैं।आंतरिक सुरक्षा एवं सघन चेकिंग के लिए *06 बी.डी.डी.एस. टीमें, 10 ए.एस. चेक टीमें, 01 एण्टी माइन्स टीम, 02 ए.टी.एस. टीमें तथा 78 एल.आई.यू. कर्मियों की तैनाती एस.पी. माघ मेला के नियंत्रण में की गई है।जल जनित दुर्घटनाओं की रोकथाम हेतु *पुलिस अधीक्षक, माघ मेला के समन्वय में जल पुलिस, एनडीआरएफ एवं एसडीआरएफ के साथ *त्रि-स्तरीय जल सुरक्षा व्यवस्था* लागू की गई है। इसके अंतर्गत *06 जल पुलिस कर्मी, 200 मोटर बोट/नावें, 30 प्रशिक्षित गोताखोर, पुलिस प्रशासन के पास 2000 लाइफ सेविंग जैकेट, नाविकों के पास अनुमानित 25000 लाइफ जैकेट, 461 लाइफ बाय, 04 जल पुलिस सब-स्टेशन, 08 किलोमीटर डीप वॉटर बैरिकेटिंग तथा 02 किलोमीटर फ्लोटिंग रिवर लाइन की व्यवस्था की गई है।अग्नि सुरक्षा एवं आपातकालीन स्थितियों से निपटने हेतु 20 फायर स्टेशन, 07 फायर चौकियाँ, 20 वॉच टॉवर, 990 फायर हाइड्रेंट, 22 हाई प्रेशर ट्यूबवेल, 153 फायर टेंडर/वाहन एवं 761 अग्निशमन कर्मियों की तैनाती की गई है।तकनीकी निगरानी एवं सहायता के लिए *मेला क्षेत्र में 400 एवं नगर क्षेत्र में 1152 सीसीटीवी कैमरे, 01 सेंट्रल कंट्रोल रूम, 07 खोया-पाया केंद्र, 16 महिला हेल्प डेस्क तथा 17 साइबर हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं।, संख्यात्मक एवं बहु-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था के माध्यम से *पुलिस अधीक्षक माघ मेला के नेतृत्व में* श्रद्धालुओं, कल्पवासियों एवं पर्यटकों की सुरक्षा, सुविधा एवं विश्वास सुनिश्चित किया जा रहा है।

