21 जुलाई- श्रीरामचरितमानस की भाव सहित चौपाई
नमो राघवाय 🙏
रघुपति बिमुख जतन कर कोरी ।
कवन सकइ भव बंधन छोरी।।
जीव चराचर बस कै राखे ।
सो माया प्रभु सो भय भाखे ।।
( बालकांड 199/2)
जय सियाराम 🙏🙏
श्री राम जी बाल लीला कर अयोध्यावासियों को सुख पहुँचा रहें हैं । श्री राम जी से बिमुख रह करके कोई करोड़ों उपाय कर ले, उसका संसार बंधन कोई नहीं छुड़ा सकता है। जो माया जिसने चर अचर सभी जीवों को अपने वश में कर रखा है , वह भी श्री राम जी से डरती हैं ।
आत्मीय जनों ! श्री राम बिमुख जीव मोह व माया के बंधन में पड़ा रहता है, उलझा रहता है जबकि श्री राम सनमुख जीव संसार में सुलझा हुआ जीवन जीता हैं । अतएव जतन कर मायापति की शरण में रहें, श्री राम शरण में रहें और निरन्तर श्री सीताराम नाम जप करते रहें…. श्री राम जय राम जय जय राम, सीताराम जय सीताराम, जय सियाराम जय जय सियाराम जानकीवल्लभ राजाराम।
सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम सीताराम 🚩🚩🚩
संकलन तरूण जी लखनऊ

