विद्यालयों में आम वितरण को लेकर बच्चों में दिखा उत्साह
जिलाधिकारी श्री सैमुअल पॉल एन. के निर्देशानुसार सोमवार को जनपद के कंपोजिट एवं प्राथमिक विद्यालयों में बच्चों को फल वितरण कार्यक्रम के तहत बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. गोरखनाथ पटेल ने बच्चों के बीच आम वितरित किए और बच्चों के साथ समय बिताया।
बेसिक शिक्षा अधिकारी ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक सोमवार को विद्यालयों में बच्चों को फल वितरित किया जाता है। वर्तमान समय आम का सीजन होने के कारण बच्चों को पौष्टिक फल के रूप में आम उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ पौष्टिक आहार उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है, जिससे उनके स्वास्थ्य और शैक्षिक विकास को मजबूती मिले।
विद्यालयों में आम वितरण को लेकर बच्चों में खासा उत्साह देखने को मिला। बच्चों ने खुशी-खुशी आम ग्रहण किया और विभाग की इस पहल की सराहना की। विद्यालय स्टाफ ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग दिया।
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जौनपुर 18 मई, 2026 (सू0वि0) विज्ञप्ति संख्या-02
भीषण गर्मी में बेजुबान पक्षियों के लिए आगे आया बेसिक शिक्षा विभाग, बीएसए ने कराया दाना-पानी की व्यवस्था
भाषण गर्मी के दृष्टिगत बेजुबान पक्षियों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से देशभर के विभिन्न विद्यालयों में विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी क्रम में जनपद जौनपुर में जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन के निर्देश पर नगर के कंपोजिट विद्यालय मखदूम शाह अढ़न परिसर में पक्षियों के लिए दाना-पानी की विशेष व्यवस्था की गई।
बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. गोरखनाथ पटेल ने स्वयं विद्यालय परिसर में पक्षियों के लिए पानी से भरे मिट्टी के सकोरे रखवाए तथा शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को नियमित रूप से दाना-पानी उपलब्ध कराने का संकल्प दिलाया। विद्यालयों में छात्र-छात्राएं एवं शिक्षक मिलकर पेड़ों और छतों पर मिट्टी के परंडे बांध रहे हैं, ताकि भीषण गर्मी में पक्षियों को राहत मिल सके।
बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जनपद के समस्त शिक्षकों को इस नेक कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लेने का निर्देश देते हुए कहा कि ऐसे कार्यों से बच्चों में जीव-दया, मानवीय संवेदनाएं और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित होती है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों में सामाजिक और नैतिक मूल्यों का विकास करना भी शिक्षा का महत्वपूर्ण उद्देश्य है। यह पहल विद्यार्थियों को प्रकृति और जीव-जंतुओं के प्रति संवेदनशील बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
इस अवसर पर विंध्यवासिनी उपाध्याय (वरिष्ठ सहायक), डीसी अरुण मौर्या, शशिधर उपाध्याय व समस्त विद्यालय स्टॉफ उपस्थित रहे।

