*नवी मुंबई / 1 महीने में केवल एक ही बड़ा मामला सौंपा जाएगा – पुलिस आयुक्त मिलिंद भारंबे*
महाराष्ट्र
मिलिंद भारंबे ने कहा, “नए आपराधिक कानूनों में ई-शिकायत की सुविधा भी है। इससे ऐसी संभावना है कि जांच अधिकारियों को मामलों में दबाव का सामना करना पड़ सकता है, जिससे मामले लंबित हो सकते हैं। ऐसे में अधिकारी किसी मामले में उचित न्याय नहीं कर पाएंगे।” उन्होंने आगे बताया कि मामले की गुणवत्ता जांच के लिए अधिकारियों को अदिक समय की जरूरत होती है।

