पूर्वांचल विश्वविद्यालय में शांति और सौहार्द के लिए गूँजा ‘वसुधैव कुटुंबकम’
जौनपुर,28 मार्च ।वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के परिसर में आज एक अभूतपूर्व दृश्य देखने को मिला, जब कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह की एक भावुक अपील पर पूरा विश्वविद्यालय परिवार एकजुट हो गया। वैश्विक अशांति और तनाव के दौर में मानवीय मूल्यों को पुनर्जीवित करने के उद्देश्य से, कुलपति के निर्देशानुसार विश्वविद्यालय के समस्त विभागों में शनिवार को ‘शांति एवं सौहार्द’ के लिए सामूहिक प्रार्थना और ध्यान का आयोजन किया गया। इस दौरान शैक्षणिक और प्रशासनिक गतिविधियां कुछ समय के लिए थम गईं और परिसर सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर नजर आया।
कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह ने इस आयोजन के लिए जारी अपने विशेष संदेश में वर्तमान विश्व की परिस्थितियों पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आज जब दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अशांति और असहिष्णुता का वातावरण है, तब भारतीय ज्ञान परंपरा का ‘वसुधैव कुटुंबकम’ का संदेश ही मानवता को सही दिशा दिखा सकता है। कुलपति ने इसे एक ‘पुनीत कार्य’ बताते हुए कहा कि शांति और भाईचारे के मूल्यों को सुदृढ़ करना हम सभी का नैतिक कर्तव्य है।
निर्धारित समय पर विश्वविद्यालय के विद्यार्थी, शिक्षक, अधिकारी और कर्मचारी अपने-अपने कार्यस्थलों पर एकत्र हुए। कुलपति की अपील का पालन करते हुए सभी ने 5 मिनट का सामूहिक प्रार्थना-ध्यान किया। कुलपति के संदेश को दोहराते हुए यह साझा किया गया कि यह प्रार्थना न केवल मन को शांति प्रदान करेगी, बल्कि विचारों में एकता और सकारात्मकता का संचार भी करेगी।विश्वविद्यालय के विभिन्न संकायों एवं विभागों में इस कार्यक्रम को लेकर विशेष उत्साह देखा गया।

