राम मंदिर दान गबन मामले पर भाजपा संगठन ने पहली बार आधिकारिक रूप से मीडिया के सामने रखा अपना
(डाक्टर अजय तिवारी जिला संवाददाता)
अयोध्या।राम मंदिर दान गबन मामले पर भाजपा संगठन ने पहली बार आधिकारिक रूप से मीडिया के सामने अपना पक्ष रखा।भाजपा जिलाध्यक्ष राधेश्याम त्यागी ने कहा कि भाजपा के लिए राम मंदिर राजनीति नहीं, बल्कि आस्था का विषय है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिनकी “राजनीतिक दुकान” बंद हो गई है, वही इस मुद्दे पर विरोध कर रहे हैं। त्यागी ने कहा कि विपक्ष शुरू से चाहता था कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण ही न हो, श्रद्धालुओं की संख्या घटने के आरोपों को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि राम मंदिर पहले भी, आज भी और भविष्य में भी आस्था का केंद्र रहेगा। उन्होंने कहा कि प्रभु श्रीराम सबके हैं और दर्शन के लिए पहले भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते थे, आज भी आ रहे हैं।एसआईटी पर विपक्ष के अविश्वास को लेकर उन्होंने कहा कि एसआईटी एक संवैधानिक जांच व्यवस्था है और विपक्ष हमेशा संवैधानिक संस्थाओं का विरोध करता रहा है। भाजपा जिलाध्यक्ष ने भरोसा दिलाया कि एसआईटी रिपोर्ट में जो भी दोषी पाया जाएगा,उसके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाएगी।भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष अवधेश पांडे ‘बादल’ ने कहा कि एसआईटी की रिपोर्ट आने से पहले किसी को स्वयंभू न्यायाधीश नहीं बनना चाहिए, प्रेस वार्ता में जिलाध्यक्ष राधेश्याम त्यागी, पूर्व जिलाध्यक्ष अवधेश पांडे ‘बादल’, पूर्व जिलाध्यक्ष संजीव सिंह और महानगर अध्यक्ष कमलेश श्रीवास्तव मौजूद
रहे।

