ब्यूरो चीफ/सत्य प्रकाश उपाध्याय
गाजियाबाद : गाजियाबाद के जिला कारागार डासना से गुरुवार को एक बंदी को बेहोशी की हालत में जिला एमएमजी अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान मुरादनगर निवासी 41 वर्षीय कमर हसन के रूप में हुई है।
अस्पताल प्रशासन की ओर से पुलिस को भेजी गई सूचना के अनुसार, कमर हसन लंबे समय से बीमार चल रहा था। जेल प्रशासन ने बताया कि उसे सीने में दर्द की शिकायत होने पर तत्काल अस्पताल भेजा गया था, लेकिन उपचार शुरू होने से पहले ही उसकी मौत हो गई।
जेल अधीक्षक सीताराम के मुताबिक, कमर हसन हत्या के एक मामले में 21 अगस्त 2021 से डासना जेल में बंद था। बीमारी के चलते उसे पहले भी कई बार जिला अस्पताल और मेरठ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया जा चुका था।
इसी दौरान एमएमजी अस्पताल में भर्ती सीओपीडी (क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज) के मरीज गंगा सिंह की भी उपचार के दौरान मृत्यु हो गई।
गर्मी और लू से अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या
तेज गर्मी और लू के कारण गाजियाबाद के सरकारी अस्पतालों में उल्टी-दस्त, डिहाइड्रेशन, चक्कर और थकान से पीड़ित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। गुरुवार को जिला एमएमजी अस्पताल, संयुक्त अस्पताल और डूंडाहेड़ा अस्पताल की ओपीडी में कुल 3092 मरीज पहुंचे।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, गंभीर हालत के सात मरीजों को हायर सेंटर रेफर किया गया, जबकि विभिन्न अस्पतालों में कुल 132 मरीज भर्ती हैं। इमरजेंसी में आए 78 गंभीर मरीजों में आठ बच्चे भी शामिल थे। अधिकांश मरीजों को प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया।
अस्पताल प्रशासन ने बताया कि ओपीडी में पंजीकरण के लिए मरीजों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। वहीं, बुखार से पीड़ित 299 मरीजों में 63 बच्चे शामिल रहे। अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल किसी हीट स्ट्रोक मरीज के आने की पुष्टि नहीं हुई है।

