मुंशीगंज में जानलेवा बने खुले नाले, कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा,
रायबरेली संवाददाता। शहर में प्रशासनिक आदेशों की किस तरह धज्जियां उड़ाई जा रही हैं,मुंशीगंज इलाके में साफ देखी जा सकती है। हाल ही में शहर के बरगद चौराहा पर एक नाले में गिरकर अधेड़ की दर्दनाक मौत हो गई थी, जिसके बाद एडीएम प्रशासन ने शहर के सभी खुले नालों को तत्काल ढकने या बरसात के मौसम को देखते हुए बैरिकेडिंग कराने के सख्त निर्देश दिए थे, लेकिन जिम्मेदार कर्मचारियों पर इन आदेशों का कोई असर नहीं पड़ा है। कुछ ही दिन पहले हुई बुजुर्ग की मौत के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े हादसे के इंतजार में बैठे हैं।प्रशासनिक आदेशों के विपरीत मुंशीगंज में नाले खुले पड़े हैं, जो स्थानीय जनता और राहगीरों के लिए मौत का कुआं बने हुए हैं। बारिश और जलभराव के बीच इन खुले नालों का अंदाजा न होने के कारण आए दिन बाइक और चारपहिया वाहन चालक दुर्घटना का शिकार होकर चोटिल हो रहे हैं। बरसात के इस मौसम में जलभराव की समस्या के बीच ये खुले नाले कभी भी किसी बड़ी जनहानि का सबब बन सकते हैं। स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से मांग की है की मुंशीगंज क्षेत्र में सभी खुले नालों पर तत्काल प्रभाव से स्लैब डलवाए जाएं या सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम के तहत बैरिकेडिंग कराई जाए, ताकि किसी अन्य परिवार को अपूर्णीय क्षति का सामना न करना पड़े।

