नई बाइक खरीदने पर दो आईएसआई हेलमेट लेना अनिवार्य, सड़क सुरक्षा को मिलेगा बढ़ावा
जौनपुर, 08 जुलाई। सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों और गंभीर चोटों को कम करने के उद्देश्य से सरकार ने नई व्यवस्था लागू की है। अब नई दोपहिया वाहन खरीदने वाले प्रत्येक ग्राहक को वाहन के साथ दो आईएसआई प्रमाणित हेलमेट खरीदना अनिवार्य होगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य चालक के साथ पीछे बैठने वाले व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना और हेलमेट के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना है।
सड़क सुरक्षा से जुड़े आंकड़ों के अनुसार अधिकांश सड़क हादसों में सिर पर गंभीर चोट लगने के कारण लोगों की मृत्यु होती है। अक्सर देखा जाता है कि चालक तो हेलमेट पहनता है, लेकिन पीछे बैठा व्यक्ति बिना हेलमेट यात्रा करता है। ऐसी स्थिति में दुर्घटना होने पर उसके गंभीर रूप से घायल होने या जान गंवाने का खतरा अधिक रहता है। इसी को ध्यान में रखते हुए सभी दोपहिया वाहन डीलरों को वाहन बिक्री के समय दो मानक हेलमेट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
जौनपुर में भी यातायात पुलिस समय-समय पर हेलमेट जांच अभियान चलाती है, लेकिन अब भी बड़ी संख्या में लोग बिना हेलमेट अथवा केवल चालक के हेलमेट पहनकर यात्रा करते हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह व्यवस्था तभी प्रभावी होगी, जब लोग इसे केवल औपचारिकता न मानकर अपनी आदत का हिस्सा बनाएंगे।इस संबंध में बुधवार को जानकारी देते हुए
एआरटीओ (प्रवर्तन) सत्येंद्र सिंह ने बताया कि सभी दोपहिया वाहन विक्रेताओं को आईएसआई प्रमाणित हेलमेट उपलब्ध कराने के संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए चालक और पीछे बैठने वाले दोनों व्यक्तियों का हेलमेट पहनना आवश्यक है।
वहीं, वेंकटेश हुंडई के अधिष्ठाता मनोज अग्रहरी ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक दोपहिया वाहन खरीदार को दो हेलमेट दिए जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि हेलमेट नि:शुल्क नहीं होंगे, बल्कि वाहन खरीदते समय ग्राहकों को उनका मूल्य भी चुकाना होगा।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि प्रत्येक यात्रा के दौरान दोनों हेलमेट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों और गंभीर चोटों में कमी लाई जा
सके।

