ब्यूरो चीफ / सत्य प्रकाश उपाध्याय
गाजियाबाद : गाजियाबाद के वेव सिटी थाना क्षेत्र में 23 जुलाई को खेत में मिले युवती के शव की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस ने मृतका की पहचान सिद्धार्थनगर निवासी 20 वर्षीय रीमा के रूप में करते हुए उसके भाई दीपक को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, यह मामला ऑनर किलिंग का है।
डीसीपी सिटी धवल जायसवाल ने पुलिस लाइन में आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि 23 जुलाई की सुबह डायल-112 पर सूचना मिली थी कि काजीपुरा स्थित एक खेत में घसीटने के निशान और फसल टूटी हुई है। मौके पर पहुंची पुलिस को खेत में एक युवती का रक्तरंजित शव मिला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई।
500 CCTV फुटेज और तकनीकी जांच से मिला सुराग
घटना के खुलासे के लिए एसीपी वेव सिटी प्रिया श्रीपाल के नेतृत्व में चार पुलिस टीमों का गठन किया गया। पुलिस ने 400 से 500 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच के दौरान घटनास्थल के आसपास एक ऑटो और कार की गतिविधियां सामने आईं। इसके साथ ही घटनास्थल के आसपास सक्रिय मोबाइल नंबरों का बीटीएस (BTS) डेटा खंगाला गया, जिससे संदिग्ध नंबरों की पहचान हुई और जांच आरोपी तक पहुंच गई।
भाई ने कबूला हत्या का आरोप
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी दीपक (24), निवासी बंधवाताल, थाना बांसी, जिला सिद्धार्थनगर, एनसीआर में पीओपी का कार्य करता है। पूछताछ में उसने बताया कि उसकी छोटी बहन रीमा कुछ दिन पहले गांव के एक युवक के साथ चली गई थी। परिवार उसे वापस ले आया, लेकिन वह उसी युवक से शादी करने की जिद पर अड़ी थी।
आरोप है कि 20 जुलाई को रीमा नोएडा स्थित अपनी मौसी के घर आई थी। इसके बाद दीपक उसे घर ले जाने का बहाना बनाकर ऑटो से वेव सिटी क्षेत्र लाया और सुनसान स्थान पर आरी के ब्लेड से उसकी हत्या कर शव को खेत में फेंक दिया।
हत्या के बाद कराया मुंडन और पिंडदान
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि हत्या के बाद आरोपी हापुड़ के बृजघाट पहुंचा, जहां उसने मुंडन कराया और पिंडदान किया। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में हत्या की बात स्वीकार की है। उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त आरी का ब्लेड भी बरामद कर लिया गया है।
पुलिस की कार्रवाई जारी
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और तकनीकी जांच के आधार पर घटना का सफलतापूर्वक खुलासा किया गया है।

