भ्रष्टाचार के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर जौनपुर पुलिस की त्वरित एवं कठोर कार्यवाही: जबरन वसूली एवं लूट के दो प्रकरणों में दो पुलिस आरक्षियों सहित 05 अभियुक्त गिरफ्तार, तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेरी निलंबित

भ्रष्टाचार के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर जौनपुर पुलिस की त्वरित एवं कठोर कार्यवाही: जबरन वसूली एवं लूट के दो प्रकरणों में दो पुलिस आरक्षियों सहित 05 अभियुक्त गिरफ्तार, तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेरी निलंबित
जनपद जौनपुर पुलिस आमजन के विरुद्ध किसी भी प्रकार के आपराधिक कृत्य के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर कार्य कर रही है। पुलिसकर्मियों द्वारा किए गए भ्रष्ट आचरण के प्रति भी यही नीति लागू है। इसी नीति के अनुरूप जबरन वसूली एवं लूट से सम्बन्धित दो गम्भीर प्रकरण संज्ञान में आते ही जनपद पुलिस ने बिना किसी विलम्ब के अभियोग पंजीकृत कर प्रभावी वैधानिक कार्यवाही की गयी।
प्रथम प्रकरण में थाना जलालपुर पर दिनांक 17.09.2026 को मु0अ0सं0 416/2026 धारा 140(3), 308(5), 309(6), 352 बीएनएस पंजीकृत किया गया। यह अभियोग नामजद अभियुक्त संकीत सिंह एवं विकास तथा चार अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध है। पीड़ित की तहरीर के अनुसार दिनांक 15.09.2026 को अभियुक्त संकीत सिंह उसे अपने साथ ले गया। वहाँ पहले से चार पहिया वाहन के साथ चार अज्ञात व्यक्ति उपस्थित थे जिन्होंने उसे जबरन वाहन में बैठाकर मारपीट की और जान से मारने की धमकी देकर रुपयों की मांग की। अभियुक्तों ने पीड़ित का मोबाइल छीनकर यूपीआई के माध्यम से विभिन्न खातों में करीब 2,15,000/- रुपये की धनराशि स्थानान्तरित कराई तथा एटीएम से भी धनराशि निकलवाई।
द्वितीय प्रकरण में थाना सुरेरी पर दिनांक 22.09.2026 को मु0अ0सं0 141/2026 धारा 140(3), 308(5), 309(6) बीएनएस पंजीकृत किया गया। यह अभियोग नामजद अभियुक्त राजेन्द्र दूबे पुत्र सूर्यमणि दूबे निवासी फुलवरिया (दीनापुर), थाना बड़ागांव, कमिश्नरेट वाराणसी के विरुद्ध है। साथ ही सादे वस्त्रों में उपस्थित तीन-चार अज्ञात पुलिसकर्मियों एवं खाताधारक वंशनरायन गिरी को भी अभियुक्त बनाया गया है। पीड़ित के आरोप के अनुसार दिनांक 13.09.2026 को अभियुक्त राजेन्द्र दूबे ने फोन कर उसे मिलने के लिए बुलाया। वहाँ सादे वस्त्रों में उपस्थित तीन-चार व्यक्तियों ने स्वयं को पुलिसकर्मी बताया और उसे वाहन में बैठाकर ले जाकर करीब 1,65,000/- रुपये वसूली की गयी । साथ ही यूपीआई के माध्यम से खाताधारक वंशनरायन गिरी के खाते में धनराशि स्थानान्तरित कराई गई।
प्रकरण की गम्भीरता को दृष्टिगत रखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, जौनपुर ने तत्कालीन थानाध्यक्ष सुरेरी उ0नि0 दिव्य प्रकाश सिंह को दिनांक 18.09.2026 को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। दोनों प्रकरणों की निष्पक्ष, गहन एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना सुनिश्चित करने हेतु पुलिस उपमहानिरीक्षक, वाराणसी परिक्षेत्र ने दिनांक 22.09.2026 को 05 सदस्यीय विशेष अन्वेषण टीम (एसआईटी) का गठन किया।
एसआईटी अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, जौनपुर श्री आतिश कुमार सिंह के पर्यवेक्षण में कार्य कर रही है और इसका नेतृत्व सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी नगर, जौनपुर श्री गोल्डी गुप्ता कर रहे हैं। टीम में सह-विवेचक के रूप में एक निरीक्षक एवं एक उपनिरीक्षक सम्मिलित किये गये हैं।
एसआईटी द्वारा अत्यन्त तत्परता से विवेचना कर 24 घंटे में घटना में संलिप्त पुलिसकर्मियों की पहचान कर ली गयी। जनपद पुलिस की त्वरित कार्यवाही के परिणामस्वरूप आज दिनांक 23.09.2026 को निम्नलिखित तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है:
• अभियुक्त मनीष पटेल पुत्र राधेश्याम पटेल निवासी कबीरुद्दीनपुर, थाना सुरेरी
• निलंबित आरक्षी सत्येन्द्र कुमार गौड़, पूर्व तैनाती थाना सुरेरी जनपद जौनपुर
• निलंबित आरक्षी विष्णु सिंह, पूर्व तैनाती थाना सुरेरी जनपद जौनपुर
गिरफ्तार आरक्षियों के विरुद्ध जबरन वसूली, लूट एवं भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की सुसंगत धाराओं में कार्यवाही की गई है।
इसी क्रम में पुलिस की लगातार दबिशों के दबाव में निम्न वांछित अभियुक्तों ने आज दिनांक 23.09.2026 को माननीय न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया है-
• संकीत पुत्र रविन्द्र प्रताप सिंह निवासी मय पहाड़ी पट्टी, जनपद जौनपुर
• विकास पुत्र रविन्द्र प्रताप सिंह निवासी मय पहाड़ी पट्टी, जनपद जौनपुर
इस प्रकार दोनों प्रकरणों में अब तक कुल 05 अभियुक्त गिरफ्तार अथवा न्यायालय में आत्मसमर्पित हो चुके हैं जिनमें दो पुलिस आरक्षी सम्मिलित हैं।
एसआईटी दोनों प्रकरणों के प्रत्येक पहलू की बारीकी से विवेचना कर रही है तथा समस्त सुसंगत साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं। विवेचना में अन्य अभियुक्तों के नाम भी प्रकाश में आए हैं जिनमें पुलिसकर्मी भी सम्मिलित है। इनकी गिरफ्तारी शीघ्र ही सुनिश्चित की जाएगी।
जनपद जौनपुर पुलिस स्पष्ट करती है कि पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार अथवा पद के दुरुपयोग का कोई भी कृत्य किसी भी दशा में बर्दाशत नहीं किया जाएगा। दोषी पाए जाने वाले किसी भी पुलिसकर्मी के विरुद्ध विधि अनुसार कठोरतम कार्यवाही की जाएगी। इस प्रकरण में की गई त्वरित कार्यवाही जनपद पुलिस की “जीरो टॉलरेंस” की नीति एवं आमजन के प्रति उसकी जवाबदेही का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
जनपद पुलिस आमजन से अपील करती है कि किसी भी पुलिसकर्मी द्वारा अवैध वसूली अथवा दुर्व्यवहार की सूचना निःसंकोच उच्चाधिकारियों को दें। ऐसी प्रत्येक शिकायत पर तत्काल एवं निष्पक्ष कार्यवाही की जाएगी।

*सोशल मीडिया सेल,*
*जनपद जौनपुर ।*

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