(सूरजपुर)सूरजपुर दोहरा हत्याकांड: फांसी की सजा पाने वाले तीन आरोपियों की शिफ्टिंग, भेजे गए रायपुर केंद्रीय जेल
0-8 अक्टूबर को सुनाई गई थी फांसी की सजा, आजीवन कारावास पाने वाला आरोपी अंबिकापुर जेल में स्थानांतरित होगा
सूरजपुर,10 अक्टूबर (आरएनएस)। छत्तीसगढ़ के चर्चित सूरजपुर दोहरे हत्याकांड मामले में फांसी की सजा पाने वाले तीन दोषियों को अलग-अलग जेलों से रायपुर केंद्रीय जेल स्थानांतरित कर दिया गया है। जेल प्रशासन ने अदालत के फैसले के बाद तीनों को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रायपुर भेजने की प्रक्रिया पूरी की। वहीं, आजीवन कारावास की सजा पाने वाले एक अन्य दोषी आर्यन विश्वकर्मा को अंबिकापुर जेल स्थानांतरित किया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, दोहरे हत्याकांड मामले में अदालत ने 8 अक्टूबर को तीन आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई थी। इसके बाद जेल प्रशासन ने उनकी जेल बदलने की प्रक्रिया शुरू की।
फांसी की सजा पाने वाला कुलदीप साहू अंबिकापुर जेल में बंद था, जबकि फूल सिंह उर्फ रिंकू सूरजपुर जिला जेल में निरुद्ध था। तीसरा दोषी चंद्रकांत चौधरी कोरिया जेल में बंद था। अदालत के फैसले के बाद तीनों को रायपुर केंद्रीय जेल भेज दिया गया है।
वहीं, इसी मामले में आजीवन कारावास की सजा पाने वाले आर्यन विश्वकर्मा को अंबिकापुर जेल में स्थानांतरित किए जाने की प्रक्रिया जारी है।
यह मामला 13 अक्टूबर 2024 को हुई एक सनसनीखेज वारदात से जुड़ा है। उस दिन तत्कालीन प्रधान आरक्षक की पत्नी और उनकी 11 वर्षीय बेटी की हत्या कर दी गई थी। घटना के सामने आने के बाद पूरे सूरजपुर जिले में सनसनी फैल गई थी।
मामले की जांच और न्यायालय में सुनवाई के बाद अदालत ने तीन आरोपियों को मृत्युदंड तथा एक अन्य आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। सजा सुनाए जाने के बाद दोषियों को अलग-अलग जेलों से स्थानांतरित करने की कार्रवाई की गई।
जेल प्रशासन के अनुसार, तीनों मृत्युदंड प्राप्त दोषियों को रायपुर केंद्रीय जेल भेज दिया गया है, जबकि आजीवन कारावास की सजा पाने वाले आरोपी को अंबिकापुर जेल में स्थानांतरित किया जा रहा है।
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(नईदिल्ली)राहुल गांधी विदेशी ताकतों के दम पर देश को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे : नितिन नबीन
0-भाजपा अध्यक्ष ने नेता प्रतिपक्ष पर साधा निशाना, कहा—संवैधानिक व्यवस्था को चुनौती देने और अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल का जवाब जनता देगी
नई दिल्ली ,10 अक्टूबर (आरएनएस)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि वह विदेशी ताकतों के सहारे भारत को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश का युवा राहुल गांधी की गतिविधियों को देख रहा है और संवैधानिक व्यवस्था को चुनौती देने तथा अपमानजनक शब्दों के इस्तेमाल का जवाब जनता देगी।
नितिन नबीन ने कहा कि राहुल गांधी जिस तरह की राजनीति कर रहे हैं, उसे देश की जनता समझ रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि भाजपा और देश की जनता दोनों उनके राजनीतिक इरादों का जवाब देंगे। उन्होंने यह भी कहा कि भारत सरकार देश को अस्थिर करने की कोशिशों से सख्ती से निपटेगी और ऐसे मंसूबों को कामयाब नहीं होने देगी।
भाजपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी विदेशी ताकतों के समर्थन के सहारे राजनीति कर रहे हैं और देश में अस्थिरता पैदा करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की कोशिशें कभी सफल नहीं होंगी। नबीन ने कहा कि भाजपा देश की एकता, अखंडता और विकास के प्रति प्रतिबद्ध है तथा विकसित भारत के लक्ष्य को आगे बढ़ाने के लिए काम करती रहेगी।
उन्होंने देशविरोधी गतिविधियों में शामिल ताकतों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उनके मुताबिक, देश के विकास और सामाजिक स्थिरता को बाधित करने वाली कोशिशों का उचित जवाब दिया जाएगा।
नितिन नबीन ने अपने बयान में विपक्षी गठबंधन और आम आदमी पार्टी से जुड़े नेताओं पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में अशांति और अराजकता फैलाने वाले दो समूह सक्रिय हैं। इनमें एक राहुल गांधी के नेतृत्व वाला विपक्षी गठबंधन और दूसरा अरविंद केजरीवाल के सहयोगियों से जुड़ा समूह है।
उन्होंने कहा कि देश के 140 करोड़ लोग शांति और सद्भाव के साथ रहते हुए भारत के विकास में योगदान दे रहे हैं। ऐसे में राजनीतिक दलों को देशहित और सामाजिक सौहार्द को प्राथमिकता देनी चाहिए।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि भारत की जनता विपक्षी नेताओं के इरादों को अच्छी तरह समझती है। उन्होंने दोहराया कि भाजपा देश की संवैधानिक व्यवस्था, राष्ट्रीय एकता और विकास के एजेंडे के प्रति प्रतिबद्ध है।
नितिन नबीन के इस बयान से भाजपा और विपक्ष के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज होने के संकेत हैं। हालांकि, विदेशी ताकतों के माध्यम से देश को अस्थिर करने संबंधी आरोपों के समर्थन में बयान में कोई विशिष्ट प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया।

