खुद की दुनिया बनाई है
पूजा
कक्षा 11
सैलानी, उत्तराखंड
बहुत आँधियाँ आई राहों में,
बहुत तूफ़ानों ने रोका था,
लोगों ने कहा “तू नहीं कर पाएगी”,
हर कदम पर उसे टोका था,
कभी आँखों में उसके आँसू थे,
कभी दिल में दर्द छुपाया था,
मुस्कान के पीछे भी उसने,
एक पूरा संघर्ष छुपाया था,
हर बार गिराई गई वो,
हर बार उसे झुकाया गया,
पर वो मिट्टी नहीं थी साधारण,
जिसे यूँ ही दबाया गया,
उसने हर चोट को ताकत बनाया,
हर दर्द से कुछ सीखा है,
लोगों की बातों को पीछे छोड़,
खुद पर भरोसा करना सीखा है,
वो लड़की है, कमज़ोर नहीं,
वो खुद अपनी पहचान है,
जो दुनिया से लड़कर भी मुस्कुराए,
वो सच्ची हिम्मत की मिसाल है,
आज जो खड़ी है ऊँचाई पर,
वो यूँ ही नहीं यहाँ तक आई,
हर “नहीं” को “हाँ” में बदलकर,
उसने अपनी दुनिया खुद बनाई है।।

