सुबह कई अधिकारी व कर्मियों के कार्यालय पर न होने से फरियादियों को होती है परेशानी
(राजेश श्रीवास्तव ब्यूरो चीफ)
अयोध्या।शासन के निर्देश पर जहां एक तरफ जिला अधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे तथा एसएसपी डॉक्टर गौरव ग्रोवर अपने अधीनस्थ कर्मियों के साथ सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक अपने कार्यालय में बैठकर फरियादियों की समस्या को गंभीरता से सुनते हैं और इन दोनों अधिकारियों की कोशिश यही रहती है कि इन फरियादियों की समस्या का निराकरण मौके पर ही हो जाए।लेकिन जिले में तैनात और विभाग के अधिकारी इस समय अवधि के बीच अपने कार्यालय मैं बैठना मुनासिब नहीं समझते।जिसमें खासकर जिला विद्यालय निरीक्षक अधिकारी, सह जिला विद्यालय निरीक्षक,मुख्य चिकित्सा अधिकारी, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक जिला पुरुष चिकित्सालय,अधिशाषी अभियंता पीडब्ल्यूडी, जिला व महिला चिकित्सालय में बैठने वाले कई विशेषज्ञ चिकित्सक,प्रमुख चिकित्सा प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक जिला महिला चिकित्सालय,के साथ-साथ विकास भवन में भी कई ऐसे अधिकारी तैनात हैं जो प्रातः 10:00 बजे से लेकर दोपहर 12:00 के बीच अपने कार्यालय में बैठने नहीं पाए जा सकते जबकि शासन का निर्देश है की सभा सभी जिला अधिकारी के साथ-साथ एसपी के अलावा सभी विभागों के अधिकारी तथा उनके कमी सुबह 10:00 बजे से लेकर 12:00 तक अपने कार्यालय में बैठकर आने वाले फरियादियों की समस्याओं को सुने और उनका निराकरण करें लेकिन इस आदेश का पालन जिले में देखा जाए तो केवल जिला अधिकारी एसपी के अलावा कुछ ही विभाग के अधिकारी व कर्मचारी करते हुए पाए जा सकते हैं। जिसके चलते दूर जरा से अपनी अपनी समस्याओं की समाधान के लिए आने वाले फरियादियों को अधिकारियों तथा कर्मियों के अनुपस्थित रहने पर वापस लौटना पड़ता है जिससे कि इन फरियादियों का धन तथा समय दोनों खर्च होता है। यहां पर तैनात ऑफिस के कर्मियों से जब इन अधिकारियों के बारे में पूछा जाता है तो एक ही दाता हटाया प्रश्न आता है कि संबंधित अधिकारी कोर्ट के काम से बाहर गए हैं।या फिर मीटिंग रैली आदि के चलते बाहर गए हैं।अभी कुछ दिनों पहले ही अनुपस्थित पाए जाने वाले कुछ अधिकारियों के खिलाफ डीएम ने तथा कुछ शिक्षकों के खिलाफ बीएसए ने कार्यवाही तथा स्पष्टीकरण मांगी है।

