सात सूत्रीय मांगों को लेकर भाकियू (भानू) ने दिया धरना
-एसडीएम ने शिकायतों के निस्तारण के लिए मांगा 30 दिन का समय
मिल्कीपुर, अयोध्या। भारतीय किसान यूनियन (भानू) के तहसील अध्यक्ष के नेतृत्व में शनिवार को मिल्कीपुर तहसील परिसर में महिला और पुरुष कार्यकर्ताओं ने विभिन्न समस्याओं को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद किसानों ने उप जिलाधिकारी पवन कुमार शर्मा को सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के निस्तारण की मांग की। एसडीएम ने किसानों को आश्वासन दिया कि सभी शिकायतों का 30 दिन के भीतर निस्तारण कराया जाएगा। इसके बाद किसानों ने प्रशासन को एक माह का समय दिया। ज्ञापन में ग्राम पंचायत बिरौलीझाम के तालाब की गाटा संख्या 708 पर लगे करीब 70 पेड़ों को ग्रामीणों ने संदीप नामक व्यक्ति पर काटकर बेचने का आरोप लगाया। किसानों का कहना है कि राजस्व निरीक्षक और लेखपाल की जानकारी में मामला होने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। आरोप है कि संबंधित अधिकारी आरोपी के बचाव में तर्क दे रहे हैं। वहीं, रायपट्टी गांव के किसान करुणा शंकर पांडेय ने आरोप लगाया कि सरकारी पशुशेड के लिए उन्होंने अपने खेत की गाटा संख्या 905 पर निर्माण की सहमति दी थी। निर्माण पूरा होने के बाद अभिलेखों में पशुशेड स्वामीनाथ के नाम दर्ज कर दिया गया। किसान ने पशुशेड को अपने नाम दर्ज कराने की मांग की है। ज्ञापन में तुलापुर ग्राम पंचायत की पंचायत सहायक पूर्णिमा मौर्य पर भी सवाल उठाए गए हैं। ग्रामीणों के अनुसार उनका विवाह 12 मार्च 2026 को खिहरान गांव में हो चुका है, लेकिन उनका मानदेय जारी है और कार्य उनकी छोटी बहन शिखा मौर्य कर रही हैं। कुछ अन्य गांवों में पंचायत मित्रों के ससुराल में रहने और उनके स्थान पर दूसरे लोगों से काम कराने की शिकायत भी की गई। इसके अलावा जगदीशपुर में रास्ते के विवाद और दोदा का पुरवा में महिला किसानों के साथ मारपीट के मामले को भी उठाया गया। भाकियू के प्रदेश महासचिव रमेश त्रिपाठी ने कहा कि किसानों की शिकायतों पर केवल तारीखें दी जा रही हैं, लेकिन उनका समाधान नहीं हो रहा है। एसडीएम के आश्वासन पर 30 दिन का समय दिया गया है। धरने में संगठन के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और सदस्य मौजूद रहे।

